गंगा तट स्थित राज्य अतिथि गृह में महकते पुष्पों के बीच मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी द्वारा संतों का सम्मान और अंगवस्त्र भेंट करने पर संतगण प्रसन्न हुए और सामूहिक जयघोष कर मुख्यमंत्री को आशीर्वाद दिया

कुंभ मेला 2027 की तैयारियों को लेकर मुख्यमंत्री,
मेला अधिष्ठान व अखाड़ों के महंतो, संतों के साथ
गंगा तट पर सम्पन्न बैठक में अपने स्वागत सम्मान से अखाड़ों के महंत ,संत खासे”अभिभूत” है ।
मेला अधिष्ठान द्वारा व्यक्तिगत रूप से सभी अखाड़ों के प्रतिनिधियों को बैठक का आमंत्रण देना तथा अखाड़ा परिषद को ज्यादा अधिमान न देने का प्रयोग भी सफल रहा ओर सभी अखाड़ों के प्रतिनिधि बैठक में शामिल हो गए।
गंगा तट स्थित राज्य अतिथि गृह के विशाल प्रांगण में महकते फूलों की सुगंध, स्वयं मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी द्वारा संतों का सम्मान, अंगवस्त्र भेंट कर आशीर्वाद लेने के उपक्रम से संत गण बहुत ही प्रसन्न मुद्रा में दिखाई दिए ,ओर संतों ने सामूहिक जयघोष कर मुख्यमंत्री को आशीर्वाद दिया ।
वहीं दिल्ली से बुलाए गए केटर्स द्वारा तैयार स्वादिष्ट भोजन को स्वयं मुख्यमंत्री ने संतों को आदर के साथ परोस कर अखाड़ों के संतों का दिल जीत लिया।
बैठक में अखाड़ों के महंतो संतों से परामर्श कर अर्ध कुंभ मेला 2027 को पूर्ण कुंभ के रूप में मनाने सभी अखाड़ों द्वारा अपने आचार्य महामंडलेश्वर, महामण्डलेश्वरों के साथ अमृत स्नान/ शाही स्नान करने की सहमति बनी ।
समन्वय बैठक में संतों के आशीर्वाद मार्गदर्शन में कुंभ मेला 2027 को भव्य,दिव्य रूप में आयोजित किए जाने के संकल्प के साथ अखाड़ों के संतों को भोजन, सम्मान जनक “”द्रव्य दक्षिणा”” देने के साथ तैयारियों को लेकर जल्द ही मिलने की आशा में पहली बैठक अच्छे माहौल में सम्पन्न हुई।
